टेक्नोलॉजी डेस्क। नया स्मार्टफोन खरीदते समय थोड़ी सी लापरवाही बड़ा नुकसान करा सकती है। कई मामलों में ग्राहकों को नया बताकर रिफर्बिश्ड या पहले से इस्तेमाल किया गया फोन बेच दिया जाता है। ऐसे में कुछ आसान जांच के जरिए आप यह पता लगा सकते हैं कि आपका स्मार्टफोन वास्तव में नया है या पहले एक्टिवेट किया जा चुका है।
फोन खरीदते समय सबसे पहले बॉक्स और उसकी सील की जांच करें। कंपनी का नया फोन हमेशा सीलबंद पैकेज में आता है। यदि सील टूटी हुई, दोबारा चिपकाई गई या पैकिंग में छेड़छाड़ दिखाई दे, तो खरीदने से पहले विक्रेता से इसकी जानकारी जरूर लें।
इसके बाद फोन का IMEI नंबर जांचें। डायलर में *#06# डायल करके दिखाई देने वाले IMEI नंबर को फोन के बॉक्स और बिल पर दर्ज नंबर से मिलाएं। तीनों जगह IMEI अलग होने पर तुरंत विक्रेता या ई-कॉमर्स कंपनी से संपर्क करें।
नया स्मार्टफोन पहली बार ऑन करने पर भाषा चयन, वाई-फाई कनेक्ट करने, Google या Apple ID से साइन-इन और प्राइवेसी सेटअप जैसी शुरुआती प्रक्रिया दिखाता है। यदि फोन सीधे होम स्क्रीन पर खुल जाए या उसमें पहले से कोई अकाउंट लॉग-इन मिले, तो यह संकेत हो सकता है कि फोन पहले इस्तेमाल किया जा चुका है।
फोन की बैटरी और स्टोरेज की जांच भी जरूरी है। यदि बैटरी में पहले से कई चार्ज साइकिल दिखाई दें या स्टोरेज में फोटो, वीडियो, ऐप्स या अन्य फाइलें मौजूद हों, तो फोन के पहले इस्तेमाल होने की संभावना हो सकती है।
iPhone उपयोगकर्ता Apple की आधिकारिक वेबसाइट पर सीरियल नंबर दर्ज कर वारंटी स्टेटस जांच सकते हैं। यदि वारंटी पहले से शुरू हो चुकी है, तो इसका मतलब है कि फोन पहले एक्टिवेट किया जा चुका है। वहीं Samsung, Xiaomi, Vivo, OPPO, Realme और Motorola जैसे एंड्रॉयड ब्रांड भी IMEI या सीरियल नंबर के जरिए ऑनलाइन वारंटी स्टेटस जांचने की सुविधा देते हैं। यदि वारंटी खरीद की तारीख से पहले शुरू दिखाई दे, तो सतर्क हो जाएं।
विशेषज्ञों का कहना है कि मोबाइल खरीदते समय फोन की बाहरी स्थिति, स्क्रीन, बॉडी, पोर्ट और एक्सेसरीज की भी अच्छी तरह जांच कर लेनी चाहिए, ताकि किसी भी तरह की धोखाधड़ी से बचा जा सके।
