मुंगेली। जिले में एक बार फिर प्रशासनिक बदलाव ने हलचल मचा दी है। जिला मुख्यालय स्थित जनपद पंचायत के CEO विक्रम सिंह ठाकुर को महज तीन महीने के भीतर ही पद से हटाकर उनके मूल पद पर भेज दिया गया है। कलेक्टर कुंदन कुमार ने यह आदेश जारी करते हुए सहायक परियोजना अधिकारी संतोष कुमार घोषले को नए प्रभारी CEO की जिम्मेदारी सौंप दी है।
आदेश भले ही सामान्य प्रशासनिक फेरबदल के रूप में जारी किया गया हो, लेकिन इसके पीछे की परिस्थितियां चर्चा का विषय बन गई हैं। आधिकारिक तौर पर किसी खास कारण का उल्लेख नहीं किया गया है, फिर भी प्रशासनिक गलियारों में इसे लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। देवगांव पंचायत से जुड़ा विवाद इस बदलाव के केंद्र में माना जा रहा है। सरपंच योगेश पटेल ने पूर्व में CEO पर पक्षपात, अधूरे कार्यों के भुगतान और मानसिक दबाव बनाने जैसे गंभीर आरोप लगाए थे। हालांकि, इन आरोपों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन मामले की जांच की बात जरूर सामने आई थी।
सूत्रों के अनुसार, केवल एक विवाद नहीं बल्कि कार्यशैली, समन्वय की कमी, अधीनस्थ कर्मचारियों के साथ तालमेल और उच्च अधिकारियों के निर्देशों के पालन को लेकर भी असंतोष की स्थिति बनी हुई थी। ये बातें भले ही आधिकारिक रूप से सामने नहीं आईं, लेकिन चर्चाओं में लगातार बनी रहीं। इस फैसले को प्रशासन की सख्ती और “डैमेज कंट्रोल” की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। यह बदलाव संकेत देता है कि, अब कार्यप्रणाली और जवाबदेही को लेकर प्रशासन ज्यादा गंभीर नजर आ रहा है।,यह सिर्फ एक तबादला नहीं बल्कि सिस्टम के भीतर चल रही गहरी हलचल का संकेत है।
