रायपुर। राजधानी रायपुर में पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू होने के बाद से शहर की यातायात व्यवस्था के सुगम संचालन एवं सुरक्षित यातायात व्यवस्था हेतु यातायात पुलिस लगातार शहर के प्रमुख मार्गो एवं चौंक चौराहों पर अधिकारी – कर्मचारी तैनात कर सुगमता पूर्वक यातायात संचालित की जा रही है साथ ही सुगम व्यवस्था में व्यवधान उत्पन्न करने वाले एवं नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरूद्ध सख्त रूख अपनाते हुए मोटरयान अधिनियम के प्रावधानों के तहत चालानी कार्यवाही की जा रही है।
इसी कड़ी में संजीव शुक्ला, पुलिस कमिश्नर, रायपुर* के निर्देशानुसार बुलेट वाहन चालकों द्वारा अवैधानिक तरीके से मानक के विपरीत मॉडीफाइ सायलेंसर का उपयोग कर सार्वजनीक मार्ग पर तेज आवाज एवं फटाके की आवाज निकालकर वाहन संचालित कर रहे है जिससे दूसरे वाहन चालकों में सड़क दुर्घटना का भय व्याप्त हो रहा था जिस पर प्रतिबंध लगाना आवश्यक है साथ ही मॉडीफाइ सायलेंसर बिक्री करने वाले फर्म एवं लगाने वाले दुकानदारों पर भी प्रतिबंधात्मक कार्यवाही किये जाने की आवश्यकता है के निर्देश पर *पुलिस उपायुक्त श्री विकास कुमार के मार्गदर्शन में अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त विवेक शुक्ला एवं श्री दौलत राम पोर्ते के निर्देशन* में यातायात में तैनात सहायक पुलिस कमिश्नर एवं थाना प्रभारी द्वारा 15 दिवस में 160 से अधिक बुलेट वाहनों पर कार्यवाही करते हुए मॉडीफाई सायलेंसर जप्ती की कार्यवाही की गयी।

इसके अतिरिक्त देर रात नशे की हालत में वाहन चलाकर स्वयं तथा दूसरे वाहन चालकों के जान को जोख़िम में डालने वाले नशेड़ी वाहन चालकों के विरूद्ध भी लगातार अभियान चलाकर मोटरयान अधिनियम के तहत कार्यवाही की जा रही है। कमिश्नरेट प्रणाली लागू होने के बाद से पाइंटो की संख्या में वृद्धि करते हुए लगातर अभियान चलाया जा रहा है जिसके तहत विगत 15 दिनों के भीतर 90 से अधिक शराबी वाहन चालकों पर मोटरयान अधिनियम की धारा 185 के तहत कार्यवाही करते हुए प्रकरण निराकरण के लिए कोर्ट भेजा गया जहॉ माननीय न्यायालय द्वारा दस-दस हजार रूपये का भारी भरकम जुर्माना लगाया गया। बतादे कि शहर की यातायात व्यवस्था के सुगम संचालन में नशेड़ी वाहन चालक सबसे बड़ी बाधा है। नशे की हालत में होने के कारण स्वयं तथा दूसरे वाहन चालक के जान के लिए हमेशा जोखिम भरा होता है। ऐसे वाहन चालकों पर सख्त कार्यवाही हेतु रायपुर पुलिस द्वारा लगातार अभियान चलाकर कार्यवाही कर रही है।

वहीं पुलिस ने वाहन चालकों से अपील है कि शहर की यातायात व्यवस्था के सुगम संचालन में पुलिस का सहयोग करें, यातायात के सभी नियमों का पालन करे, नाबालिक बच्चों को वाहन चलाने ना दे, बिना हेलमेट दोपहिया वाहन ना चलाए। चार पहिया वाहन चलाते समय हमेशा शीट बेल्ट धारण करें। वाहन चलाते समय मोबाईल फोन का उपयोग ना करें, नशे की हालत में वाहन ना चलाए और ना ही किसी को चलाने दे। सीमित गति-सुरक्षित जीवन का ध्येय मानते हुए स्वयं सुरक्षित चले एवं दूसरो को भी सुरक्षित चलने दें।
