जयपुर, राजस्थान। आईपीएल 2026 में 9 अप्रैल की शाम लखनऊ सुपर जाइंट्स (LSG) और कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के बीच खेले गए मुकाबले का हीरो बने मुकुल चौधरी। इस युवा खिलाड़ी के पिता ने अपने बेटे को क्रिकेटर बनाने के लिए कर्ज लिया, नौकरी छोड़ी और घर तक बेचा, ताकि मुकुल का सपना पूरा हो सके।केकेआर ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 181 रन बनाए। राहुल त्रिपाठी, अंगकृष रघुवंशी, कैमरन ग्रीन और रोवमैन पॉवेल की बेहतरीन पारियों की बदौलत KKR ने चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया। लखनऊ की टीम शुरुआती ओवरों में लगातार विकेट गंवाती रही।
182 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए लखनऊ की टीम 128/7 पर फंसी थी। इसी मुश्किल समय में नंबर 7 पर आए मुकुल ने अपनी तूफानी बल्लेबाजी से मैच का रुख बदल दिया। उन्होंने केवल 27 गेंदों में 2 चौके और 7 छक्कों की मदद से 54 रन नाबाद बनाए। उनके साथ आयुष बडोनी ने भी 54 रन की शानदार पारी खेली। आखिरी ओवर में 14 रन की जरूरत थी। मुकुल ने अंतिम दो गेंदों में एक छक्का और दौड़कर पूरा रन लेकर टीम को जीत दिलाई। इस शानदार प्रदर्शन के बाद मुकुल रातोंरात स्टार बन गए।
मुकुल चौधरी राजस्थान के झुंझुनू के रहने वाले हैं। वे दाएं हाथ के विकेटकीपर-बल्लेबाज हैं और घरेलू क्रिकेट में राजस्थान की टीम के लिए खेलते हैं। आईपीएल नीलामी में उनका बेस प्राइस 30 लाख रुपये था, लेकिन LSG ने उन्हें 2.60 करोड़ रुपये में खरीदा। मुकुल तेज गेंदबाजी भी कर सकते हैं और उनकी स्ट्राइक रेट और छक्के मारने की क्षमता उन्हें खास बनाती है। मुकुल ने मैच के बाद अपने परिवार की मेहनत और संघर्ष को याद करते हुए कहा कि उनके पिता ने उन्हें क्रिकेटर बनाने के लिए बहुत संघर्ष किया। “हमारा खुद का घर भी नहीं था, लेकिन मेरे पिता ने मेरे सपने के लिए सब कुछ किया,” मुकुल ने कहा।
LSG के कोच जस्टिन लैंगर ने पहले ही कहा था कि मुकुल में बहुत बड़ा पोटेंशियल है और जरूरत पड़ने पर वह विकेटकीपिंग भी कर सकते हैं। 9 अप्रैल को हुए मैच में मुकुल ने वास्तव में लैंगर की बात सच साबित कर दी।
