रायपुर । शहर जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा आज शहर अध्यक्ष श्रीकुमार शंकर मेनन के नेतृत्व में टैगोर नगर स्थित माध्यमिक शिक्षा मंडल का घेराव किया गया, कांग्रेस के नेताओं ने हाथों में तख़्तिया लिए शिक्षा विभाग एवं राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की एवं जिला शिक्षा अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर शिक्षा के अधिकार कानून में किए गए बदलाव का कड़ा विरोध दर्ज कराया गया साथ ही इस अवसर पर शहर अध्यक्ष श्रीकुमार शंकर मेनन ने कहा कि शिक्षा का अधिकार कानून, जो पिछले 12 वर्षों से गरीब एवं वंचित वर्ग के बच्चों को नर्सरी से लेकर उच्चतर माध्यमिक स्तर तक निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने का माध्यम रहा है, उसे वर्तमान सरकार द्वारा कमजोर किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि पूर्व में आरटीई के तहत नर्सरी, केजी 1 एवं केजी 2 से ही बच्चों का प्रवेश प्रारंभ होता था, जिससे बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा मजबूत होती थी और उन्हें बेहतर वातावरण में सीखने का अवसर मिलता था। लेकिन राज्य सरकार द्वारा इसे बदलकर कक्षा पहली से प्रवेश देने का निर्णय लिया गया है, जो हजारों गरीब परिवारों के साथ अन्याय है।
ज्ञापन मे उल्लेख किया गया कि इस नए नियम के कारण नर्सरी, केजी 1 एवं केजी 2 की कक्षाएं आरटीई के दायरे से बाहर हो जाएंगी, जिससे बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा प्रभावित होगी। छोटे बच्चों के लिए यह तीन वर्ष की शिक्षा आधार निर्माण का सबसे महत्वपूर्ण समय होता है, जिसे सरकार नजरअंदाज कर रही है। साथ ही, बच्चों को अलग अलग स्कूलों के माहौल में ढालने की समस्या भी उत्पन्न होगी।
ज्ञापन में यह भी कहा गया कि पिछले वर्षों में आरटीई कानून का दुरुपयोग होने के कारण कई स्कूलों में सीटें खाली रह जाती थीं, लेकिन सरकार को इसे सुधारने के बजाय कानून को ही सीमित करने का निर्णय नहीं लेना चाहिए।
कांग्रेस नेताओं ने बताया कि जहां पहले लगभग 75,000 बच्चों को आरटीई के तहत प्रवेश मिलना था, वहीं अब यह संख्या घटकर मात्र 19,000 रह जाएगी। यह निर्णय सीधे तौर पर बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है और सरकार केवल आर्थिक बचत जो लगभग 100 से 150 करोड़ रुपये है उसके लिए यह कदम उठा रही है।
शहर जिला कांग्रेस कमेटी ने मांग की है कि आरटीई कानून के मूल स्वरूप को बरकरार रखते हुए पुन नर्सरी से ही प्रवेश की व्यवस्था प्रारंभ की जाए, ताकि गरीब एवं जरूरतमंद बच्चों को इस कानून का वास्तविक लाभ मिल सके।
कांग्रेस कमेटी ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार एवं शिक्षा विभाग द्वारा इस निर्णय को वापस नहीं लिया गया, तो कांग्रेसजन उग्र आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे।
इस प्रदर्शन में प्रमोद दुबे, कुलदीप जुनेजा ,पंकज शर्मा ,अग्रवाल आकाश शर्मा ,नीरज पांडे, राकेश धोत्रे,जी श्रीनिवास प्रशांत ठेंगड़ी,अजीत कुकरेजा ,हीरेंद्र देवांगन, अंजुमन ढेबर ,ओम श्रीवास, सुजीत सिंह, विनोद ठाकुर, अनु साहू, प्रवीण चंद्राकर, अविनय दुबे, मोहम्मद ताहिर, आकाश दीवान ,वेंकट कुमार, राज देवांगन ,नवीन लाजरस ,डोमेन्द्र दीप, हाजरुन बानो, प्रीति सोनी, शबा अंजुम, नवीन चंद्राकर, ईश्वर चक्रधारी ,मुन्ना मिश्रा ,महेंद्र सेन, लक्ष्मण सेन सहित कार्यकर्ता उपस्थित थे।
